
श्री किशन गुप्ता
चेयरमैन – जीवन दर्पण वेलफेयर एसोसिएशन
श्री किशन गुप्ता एक समर्पित समाजसेवी, गौसंरक्षण समर्थक एवं ग्राम विकास चिंतक हैं। वे ग्रामीण भारत में सहकारिता, प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और गौआधारित अर्थव्यवस्था को संस्थागत रूप देने के लिए सक्रिय रूप से कार्यरत हैं।
उनका उद्देश्य ग्रामीण समाज को आत्मनिर्भर, संगठित और आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है।
संस्था के माध्यम से प्रमुख पहल
उनके नेतृत्व में जीवन दर्पण वेलफेयर एसोसिएशन ने निम्नलिखित महत्वपूर्ण पहल की हैं:
• गौशाला आधारित समेकित कृषि मॉडल विकसित किया
• किसानों को संगठित कर FPO नेटवर्क निर्माण की पहल की
• महिला एवं युवाओं को स्वरोजगार प्रशिक्षण से जोड़ा
• CSR आधारित ग्रामीण विकास परियोजनाओं की रूपरेखा तैयार की
इन पहलों का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करना और समाज के कमजोर वर्गों को आत्मनिर्भर बनाना है।
नेतृत्व दर्शन
“संगठन, पारदर्शिता और सतत विकास”
श्री गुप्ता का मानना है कि किसी भी समाज का स्थायी विकास तभी संभव है जब संगठन मजबूत हो, कार्य प्रणाली पारदर्शी हो और विकास की प्रक्रिया सतत एवं दीर्घकालिक हो।
प्रेरक नेतृत्व दृष्टि (Vision / Leadership)
श्री किशन गुप्ता का नेतृत्व सेवा, संवेदनशीलता और समाधान आधारित सोच पर आधारित है। वे केवल समस्याओं की पहचान नहीं करते, बल्कि उनके स्थायी समाधान के लिए जमीनी स्तर पर प्रभावी मॉडल स्थापित करने में विश्वास रखते हैं।
जीवन दर्पण वेलफेयर एसोसिएशन के माध्यम से वे निम्न क्षेत्रों को मजबूत करने के लिए समर्पित हैं:
• शिक्षा
• चिकित्सा
• सामाजिक सुरक्षा
• न्याय एवं अधिकार जागरूकता
• रोजगार एवं स्वरोजगार
• ग्राम आधारित उत्पादन प्रणाली
उनका लक्ष्य एक ऐसा भारत बनाना है जहाँ गरीब आत्मनिर्भर हो, किसान सम्मानित हो और युवा राष्ट्र निर्माण का नेतृत्व करे।
विचार एवं संदेश
“गरीबी कोई अपराध नहीं है,
अपराध है उस व्यवस्था को बनाए रखना
जो गरीब को गरीब बनाए रखती है।”
जीवन दर्पण वेलफेयर एसोसिएशन का उद्देश्य है:
“गरीब को दया नहीं, दिशा देना।”